sun sakhee nadiyaa kinaare phiroon pyaasee

Title:sun sakhee nadiyaa kinaare phiroon pyaasee Movie:Raajhath Singer:Lata Mangeshkar Music:Shankar, Jaikishan Lyricist:Shailendra Singh

English Text
देवलिपि


सुन सखी मोरे मन की बात
कोयल तरसे आस को और बन को तरसे मोर
मैं तरसूँ उस प्रीत को और छाई घटा घनघोर

नदिया किनारे फिरूँ प्यासी
हाय पी बिना जियरा तरस-तरस रह जाए
ऐसा भी आए कोई बादल
हमारे अँगना रिमझिम प्यार लुटाए

सजना मिलन के गाऊँ मैं तराने
रंग भरे लो आ गए ज़माने
खोई रहूँ मैं क्यों राम जाने
ढूँढ रही हूँ प्यार के ख़ज़ाने
कुछ भी न अपनी खबरिया
मैं ऐसी भोली दिन कब आए कब जाए
नदिया किनारे फिरूँ ...

प्यासे हैं दोनों अँखियों के भौंरे
डालोओ किसी पर कजरा से डोरे
पंख पसारे चुप हैं निगोड़े
लूटेंगे दिल मधु के कटोरे
ढूँढे किसी को नजरिया
ये बैरी मौसम आग है लगाए
नदिया किनारे फिरूँ ...